नीति आयोग ने कहा है कि देश में इलेक्ट्रिक गाड़ियों का इस्तेमाल बढ़ाने के लिए अब एक साफ प्लान और तय समय पर काम होना चाहिए। आयोग चाहता है कि अब ईवी को खरीदना आसान और जरूरी बना दिया जाए, ताकि पेट्रोल-डीजल वाली गाड़ियों का इस्तेमाल कम हो सके।
ईवी की बिक्री में बड़ा उछाल
2016 में जहां सिर्फ 50 हजार ईवी बिकी थीं, वहीं 2024 में ये आंकड़ा 20.8 लाख तक पहुंच गया है। इससे साफ है कि अब लोग ईवी की तरफ तेजी से बढ़ रहे हैं।

अब सस्ते लोन मिलें ईवी के लिए
रिपोर्ट में कहा गया है कि ई-बस, ई-टैक्सी और ई-ट्रक जैसी गाड़ियों को खरीदने के लिए लोगों को कम ब्याज पर लोन दिया जाए, जिससे ज्यादा लोग इन्हें खरीद सकें।
सेवा वाला मॉडल हो बेहतर
नीति आयोग का कहना है कि अब ऐसा सिस्टम बनाना चाहिए जिससे लोग गाड़ी खरीदने की बजाय उसे किराए पर लेकर इस्तेमाल करें। इससे खर्च भी कम होगा और लोग ज्यादा ईवी अपनाएंगे।

बैटरी और चार्जिंग पर भी फोकस
ईवी को सफल बनाने के लिए बैटरी सस्ती हो, चार्ज जल्दी हो और ज्यादा चले – इस पर भी काम करने की जरूरत है। साथ ही चार्जिंग स्टेशन की संख्या भी बढ़ानी होगी।
चित्र साभार: गूगल से


