देश की सरकारी टेलीकॉम कंपनी महानगर टेलीफोन निगम लिमिटेड (MTNL) एक बार फिर चर्चा में है, लेकिन इस बार वजह अच्छी नहीं है। कंपनी भारी वित्तीय संकट में फंसती नजर आ रही है और इसका असर सीधे-सीधे इसके शेयर पर पड़ा है। मंगलवार को MTNL के शेयर में करीब 5% की गिरावट देखी गई और इसका दाम ₹50 के नीचे आकर ₹ 49.92 पर बंद हुआ।
डिफॉल्ट की वजह से टूटा शेयर

शेयर में आई गिरावट की सबसे बड़ी वजह है कंपनी द्वारा कर्ज की रकम नहीं चुकाना। MTNL पर ₹8,585 करोड़ से ज्यादा का बैंक कर्ज बकाया है जिसे वह चुका नहीं पाई है। इसमें केवल ब्याज ही नहीं, बल्कि मूलधन की राशि भी शामिल है।
किन बैंकों का पैसा फंसा?
MTNL ने कई सरकारी बैंकों से कर्ज लिया था। इनमें शामिल हैं:
यूनियन बैंक ऑफ इंडिया – ₹3,733.22 करोड़
बैंक ऑफ इंडिया – ₹1,121.09 करोड़
पंजाब नेशनल बैंक – ₹474.66 करोड़
इंडियन ओवरसीज बैंक – ₹2,434.13 करोड़
इसके अलावा, SBI, यूको बैंक और पंजाब एंड सिंध बैंक का भी पैसा फंसा है।
कुल कर्ज कितना है?
MTNL पर कुल मिलाकर ₹34,484 करोड़ का वित्तीय बोझ है, जिसमें शामिल हैं:
₹8,585 करोड़ – बैंकों से लिए गए कर्ज
₹24,071 करोड़ – सरकार की गारंटी वाले बॉन्ड
₹1,828 करोड़ – दूरसंचार विभाग से लिया गया लोन


