टाटा समूह की जानी-मानी कंपनी टाइटन के शेयरों में मंगलवार को जबरदस्त गिरावट देखने को मिली। कंपनी का स्टॉक 5% से ज्यादा लुढ़ककर ₹3457.25 पर बंद हुआ। यह गिरावट कंपनी के पहली तिमाही के बिजनेस अपडेट के बाद सामने आई है। हालांकि, बाजार के जानकार और ब्रोकरेज हाउस अब भी इस शेयर को लेकर आशावादी हैं और 17% तक की तेजी की संभावना जता रहे हैं।
क्यों गिरे टाइटन के शेयर?
टाइटन ने अपनी पहली तिमाही के अपडेट में कहा है कि कंज्यूमर बिजनेस में सालाना आधार पर 20% ग्रोथ दर्ज की गई है। हालांकि, इसके बावजूद निवेशकों की प्रतिक्रिया नकारात्मक रही, जिसके चलते स्टॉक में तेज गिरावट आई। जानकारों के अनुसार, यह गिरावट बाजार की उम्मीद से कमज़ोर प्रदर्शन और अस्थिर गोल्ड प्राइस की वजह से आई है।
ब्रोकरेज हाउस अब भी कर रहे हैं भरोसा
हालांकि, टाइटन की मौजूदा गिरावट के बावजूद कई ब्रोकरेज फर्म्स इस शेयर को लेकर पॉजिटिव बने हुए हैं:
CLSA ने टाइटन को “आउटपरफॉर्म” रेटिंग दी है और ₹4326 का टारगेट प्राइस तय किया है।
मॉर्गन स्टैनली ने इसे “ओवरवेट” रेटिंग दी है और ₹3876 का लक्ष्य रखा है।
सिटी ने शेयर को “न्यूट्रल” बताते हुए ₹3800 का टारगेट प्राइस दिया है।
बिजनेस ग्रोथ के आंकड़े
टाइटन के विभिन्न सेगमेंट्स में भी ग्रोथ देखने को मिली है:
ज्वैलरी बिजनेस में सालाना 18% की बढ़त हुई है।
घड़ियों के कारोबार में 23% की सालाना वृद्धि दर्ज की गई है।
आईकेयर सेगमेंट में भी 12% की ग्रोथ दर्ज की गई है।
इस तिमाही में कंपनी ने 10 नए स्टोर खोले हैं, जिससे इसका कुल रिटेल नेटवर्क 3,322 आउटलेट तक पहुंचे।



